जनतानामा न्यूज़ अल्मोड़ा उत्तराखण्ड
नैनीताल मानसून के दौरान संभावित आपदाओं से निपटने के लिए नैनीताल जिला प्रशासन और पुलिस ने गुरुवार को बड़े स्तर पर प्री-मानसून मॉक ड्रिल आयोजित कर अपनी तैयारियों का दम दिखाया। जिलाधिकारी ललित मोहन रायल और एसएसपी डॉ. मंजूनाथ टी.सी. के निर्देशन में हुए इस महाअभ्यास में 15 से अधिक विभागों ने संयुक्त रूप से हिस्सा लिया।
जिले के पांच संवेदनशील स्थानों पर भूस्खलन, नदी में बाढ़, जलभराव और सड़क अवरुद्ध होने जैसे काल्पनिक आपदा परिदृश्यों के बीच कुल 65 प्रभावितों का रेस्क्यू किया गया। सभी घायलों को प्राथमिक उपचार के बाद अस्पतालों और सुरक्षित स्टेजिंग एरिया तक पहुंचाया गया।
मॉक ड्रिल के दौरान पुलिस, एनडीआरएफ, एसडीआरएफ, आईटीबीपी, सीआरपीएफ, फायर सर्विस, स्वास्थ्य विभाग और अन्य एजेंसियों के बीच समन्वय, संचार व्यवस्था और रिस्पॉन्स टाइम की भी बारीकी से जांच की गई। सबसे तेज़ कार्रवाई लालकुआं के गौलानदी क्षेत्र में देखने को मिली, जहां सूचना मिलने के महज 6 मिनट के भीतर रेस्क्यू टीम घटनास्थल पर पहुंच गई।
एसएसपी डॉ. मंजूनाथ टी.सी. ने बताया कि इस महाअभ्यास का उद्देश्य वास्तविक आपदा के समय विभिन्न एजेंसियों के बीच बेहतर तालमेल स्थापित करना, संसाधनों की उपलब्धता परखना और न्यूनतम समय में जन-धन की सुरक्षा सुनिश्चित करना है। उन्होंने कहा कि मानसून के दौरान किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए नैनीताल पुलिस और प्रशासन पूरी तरह तैयार है।
