Wed. Aug 5th, 2026
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जनतानामा न्यूज़ अल्मोड़ा उत्तराखण्ड

अल्मोड़ा सोबन सिंह जीना (एसएसजे) विश्वविद्यालय परिसर में बुधवार को स्वर्गीय शोभन सिंह जीना की 117वीं जयंती श्रद्धा और सम्मान के साथ मनाई गई। इस अवसर पर आयोजित समारोह में वरिष्ठ सामाजिक कार्यकर्ता पी.सी. तिवारी को वर्ष 2026 का प्रतिष्ठित “शोभन सिंह जीना सम्मान” प्रदान किया गया। साथ ही शिक्षा, समाज सेवा, पत्रकारिता तथा विभिन्न क्षेत्रों में उल्लेखनीय योगदान देने वाले अनेक व्यक्तित्वों और हाईस्कूल एवं इंटरमीडिएट परीक्षाओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले मेधावी विद्यार्थियों को भी सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम की अध्यक्षता विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. सतपाल सिंह बिष्ट ने की। उन्होंने कहा कि स्व. शोभन सिंह जीना का व्यक्तित्व और कृतित्व आज भी समाज के लिए प्रेरणास्रोत है। उन्होंने अपने सार्वजनिक जीवन में पर्वतीय क्षेत्रों की समस्याओं को प्रमुखता से उठाया और जनहित के मुद्दों पर लगातार संघर्ष किया।
शोभन सिंह जीना न्यास के अध्यक्ष प्रकाश चन्द्र जोशी ने कहा कि स्व. जीना केवल जनसंघ के नेता ही नहीं, बल्कि जनसरोकारों से जुड़े संवेदनशील जनप्रतिनिधि थे। उन्होंने उत्तराखंड आंदोलन सहित अनेक जनआंदोलनों में सक्रिय भूमिका निभाई और वर्तमान समय में भी जनहित के मुद्दों पर उनके विचार प्रासंगिक हैं।
पूर्व पालिकाध्यक्ष शोभा जोशी ने स्व. जीना के योगदान को याद करते हुए उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की। कार्यक्रम संयोजक गोविन्द भण्डारी ने उन्हें पर्वतीय चेतना का युगपुरुष बताते हुए कहा कि सत्ता और विपक्ष दोनों में रहते हुए उन्होंने पहाड़ की आवाज़ को मजबूती से उठाया। पूर्व विधायक एवं विधानसभा उपाध्यक्ष रघुनाथ सिंह चौहान ने कहा कि पेयजल, शिक्षा और सड़क जैसी मूलभूत समस्याओं के समाधान के लिए स्व. जीना का योगदान सदैव याद रखा जाएगा।
सम्मान ग्रहण करने के बाद पी.सी. तिवारी ने कहा कि शोभन सिंह जीना जनसरोकारों से जुड़े विचारवान राजनेता थे। उन्होंने बेनाप एवं सिविल भूमि पर स्थानीय लोगों के अधिकारों की रक्षा के लिए संघर्ष किया तथा चिपको आंदोलन के दौरान भी इन मुद्दों को मजबूती से उठाया। उन्होंने कहा कि जीना नयाबाद एक्ट को बनाए रखने के पक्षधर थे और भगतोला सम्मेलन के 34 सूत्रीय कार्यक्रम को लागू करना ही उनके प्रति सच्ची श्रद्धांजलि होगी।
कार्यक्रम का संयुक्त संचालन बी.डी.एस. नेगी एवं दयाकृष्ण काण्डपाल ने किया। इस अवसर पर डॉ. जे.सी. दुर्गापाल, डॉ. हयात रावत, डॉ. गोदावरी चतुर्वेदी, रणजीत सिंह भण्डारी, एडवोकेट चन्दन सिंह ऐठानी, एडवोकेट महिपाल सिंह, हरीराम शास्त्री, एडवोकेट रंजना सहित अनेक गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।